सोमवार की शाम करीब 6 बजकर 10 मिनट पर पटना के पत्रकार नगर थाना क्षेत्र स्थित विद्यापति पार्क के पास ताबड़तोड़ फायरिंग से इलाके में सनसनी फैल गई। मीठापुर निवासी अमन शुक्ला अपनी पत्नी और बच्चे के साथ बाइक से जा रहे थे, तभी बाइक सवार दो अपराधियों ने उन्हें निशाना बनाते हुए गोलियां बरसा दीं। हमलावरों का सीधा टारगेट अमन शुक्ला थे और उनकी फायरिंग बेहद सटीक थी।

अपराधियों ने अमन शुक्ला पर तीन राउंड फायरिंग की, जिनमें से दो गोलियां उनके शरीर में लगीं। घटनास्थल से पुलिस ने तीन खोखे बरामद किए हैं। घायल अवस्था में अमन को पत्नी और स्थानीय लोगों की मदद से अस्पताल ले जाया गया, जहां इलाज के दौरान उनकी मौत हो गई। घटना की पुष्टि करते हुए पटना के सिटी एसपी ईस्ट परिचय कुमार ने बताया कि यह पूरी तरह से सुनियोजित हत्या प्रतीत होती है।
मूल रूप से वैशाली जिले के रहने वाले अमन शुक्ला पटना के मीठापुर स्थित एक अपार्टमेंट में रहते थे। वह रोज अपनी पत्नी और बच्चे के साथ विद्यापति पार्क के रास्ते से गुजरते थे, क्योंकि इसी इलाके में एक फिजियोथेरेपिस्ट से उनके बेटे का इलाज चल रहा था। पुलिस के अनुसार, अपराधियों ने पहले से अमन की दिनचर्या की रेकी कर रखी थी और कई दिनों की निगरानी के बाद वारदात को अंजाम दिया गया।
पुलिस ने बताया कि अमन शुक्ला एक सिक्योरिटी कंपनी चलाता था, जिसके जरिए वह बाउंसर उपलब्ध कराता था। साथ ही वह 2020 में बेऊर थाना क्षेत्र के पीएनबी बैंक लूट कांड का अभियुक्त रह चुका था और मई 2025 में जेल से रिहा हुआ था। जेल से बाहर आने के महज सात महीने बाद उसकी हत्या कर दी गई।
पुलिस को आशंका है कि यह हत्या आपसी रंजिश, पैसों के लेनदेन या अपराधियों के बीच “निजी अदालत” का नतीजा हो सकती है। यह भी जांच की जा रही है कि अमन के पास कोई ऐसा राज तो नहीं था, जिसे दबाने के लिए उसकी हत्या की गई। फिलहाल पुलिस आसपास के सीसीटीवी फुटेज खंगाल रही है और हमलावरों की तलाश में छापेमारी कर रही है।
