बिहार में चौथे चरण (TRE-4) की शिक्षक नियुक्ति प्रक्रिया को लेकर बड़ा अपडेट सामने आया है। शिक्षा विभाग ने रोस्टर क्लियरेंस का काम लगभग पूरा कर लिया है और अब राज्य के सभी 38 जिलों से प्राप्त रिक्त पदों को जोड़कर अंतिम प्रस्ताव तैयार किया जा रहा है। इस चरण में करीब 30 हजार शिक्षकों की नियुक्ति की जाएगी। शिक्षा विभाग की ओर से यह प्रस्ताव 14 जनवरी के बाद बिहार लोक सेवा आयोग (BPSC) को भेजा जाएगा।

इसको लेकर सोमवार को शिक्षा विभाग के मदन मोहन झा सभागार में एक अहम बैठक आयोजित की गई। बैठक में राज्यभर के सभी जिला कार्यक्रम पदाधिकारी (DPO) शामिल हुए। इस दौरान जिलेवार रिक्त पदों की समीक्षा, रोस्टर क्लियरेंस और नियुक्ति प्रक्रिया को आगे बढ़ाने की रणनीति पर विस्तार से चर्चा हुई।
बैठक में मौजूद माध्यमिक शिक्षा निदेशालय के एक वरिष्ठ अधिकारी ने बताया कि सभी 38 जिलों से शिक्षकों के खाली पदों का विवरण प्राप्त हो चुका है। फिलहाल जिला स्तर से आए आंकड़ों का मिलान और आकलन किया जा रहा है, ताकि किसी भी प्रकार की त्रुटि या विसंगति न रह जाए। अधिकारी के अनुसार, कई जिलों ने पहले ही अपना रोस्टर क्लियरेंस साझा कर दिया था, जिसे नियुक्ति प्रक्रिया के तहत सामान्य प्रशासन विभाग को भेजा गया।
हालांकि सामान्य प्रशासन विभाग की समीक्षा के दौरान कुछ जिलों की रिपोर्ट में अंतर और छोटी-बड़ी गड़बड़ियां पाई गईं। इन्हीं बिंदुओं को लेकर सोमवार की बैठक में सभी अधिकारियों के सामने स्थिति रखी गई। जिन जिलों में मामूली त्रुटियां थीं, उन्हें तत्काल ठीक कराया गया, जबकि कुछ जिलों को रोस्टर क्लियरेंस में सुधार के लिए अतिरिक्त समय दिया गया है।
शिक्षा विभाग का स्पष्ट कहना है कि रोस्टर में किसी भी तरह की गलती भविष्य में नियुक्ति प्रक्रिया को प्रभावित कर सकती है। इसलिए पूरी प्रक्रिया में विशेष सतर्कता बरती जा रही है। विभाग का लक्ष्य है कि TRE-4 की शिक्षक बहाली पूरी तरह पारदर्शी, नियमसम्मत और विवादमुक्त तरीके से संपन्न हो।
