पटना, 05 फरवरी 2026: बिहार में राजस्व प्रशासन से जुड़ी बड़ी खबर सामने आई है। बिहार राजस्व सेवा संघ द्वारा चलाया जा रहा हड़ताल आंदोलन समाप्त हो गया है। सरकार और संघ के बीच हुई सकारात्मक वार्ता के बाद संघ की प्रमुख मांगों को स्वीकार कर लिया गया है। इसके फलस्वरूप संघ ने हड़ताल वापस लेने की घोषणा कर दी है। अब राज्य भर के सभी अंचलाधिकारी (CO) कल से अपने-अपने कार्यस्थलों पर लौटकर नियमित कार्य करेंगे।

राजस्व एवं भूमि सुधार विभाग के मंत्री विजय कुमार सिन्हा ने इस संबंध में जानकारी देते हुए बताया कि सरकार हमेशा से संवाद के माध्यम से समाधान निकालने के पक्ष में रही है। उन्होंने कहा कि राजस्व सेवा से जुड़े अधिकारियों की मांगों पर गंभीरता से विचार किया गया और जो भी मांगें न्यायोचित थीं, उन्हें स्वीकार कर लिया गया है। मंत्री ने भरोसा दिलाया कि विभागीय कार्यों को और अधिक सुदृढ़ एवं पारदर्शी बनाने के लिए सरकार प्रतिबद्ध है।
गौरतलब है कि बिहार राजस्व सेवा संघ अपनी विभिन्न मांगों को लेकर हड़ताल पर था, जिससे राज्य के अंचल कार्यालयों में कामकाज प्रभावित हो रहा था। जमीन से जुड़े दाखिल-खारिज, परिमार्जन, लगान वसूली, प्रमाण पत्र निर्गत करने सहित कई महत्वपूर्ण कार्य लंबित हो गए थे। आम लोगों को भी कई तरह की परेशानियों का सामना करना पड़ रहा था। हड़ताल समाप्त होने के बाद अब इन कार्यों में तेजी आने की उम्मीद जताई जा रही है।
संघ के प्रतिनिधियों ने कहा कि सरकार द्वारा सकारात्मक पहल किए जाने के बाद हड़ताल जारी रखने का कोई औचित्य नहीं रह गया था। उन्होंने उम्मीद जताई कि भविष्य में भी विभागीय समस्याओं का समाधान संवाद के जरिए किया जाएगा। साथ ही अधिकारियों ने यह भी कहा कि वे अब दोगुनी ऊर्जा के साथ अपने दायित्वों का निर्वहन करेंगे।
हड़ताल समाप्त होने से राज्य के लाखों लोगों को राहत मिलने की संभावना है। राजस्व से जुड़े मामलों में लंबित फाइलों के निष्पादन की प्रक्रिया तेज होगी और आम नागरिकों को अंचल कार्यालयों में नियमित सेवाएं मिल सकेंगी। सरकार और संघ के बीच बनी सहमति को प्रशासनिक स्थिरता की दिशा में एक सकारात्मक कदम माना जा रहा है।
