
पटना में पुलिस ने एक बार फिर साइबर अपराधियों के खिलाफ बड़ी सफलता हासिल की है। पटना पुलिस की विशेष टीम ने एटीएम से छेड़छाड़ और ऑनलाइन गेमिंग एप के जरिए लोगों से ठगी करने वाले एक संगठित गिरोह का पर्दाफाश करते हुए 13 शातिर साइबर ठगों को गिरफ्तार किया है। इस कार्रवाई में साइबर फ्रॉड के मास्टरमाइंड सौरभ द्विवेदी को भी दबोचा गया है, जो लंबे समय से पुलिस के रडार पर था।
पुलिस सूत्रों के अनुसार, यह गिरोह बेहद सुनियोजित और हाईटेक तरीके से ठगी को अंजाम देता था। गिरोह में इंजीनियर, बैंक एजेंट और तकनीकी जानकारी रखने वाले शिक्षित युवक शामिल हैं, जो आम लोगों के भरोसे का फायदा उठाकर उन्हें चूना लगाते थे। आरोपी खुद को बैंक का कर्मचारी या एजेंट बताकर लोगों से ओटीपी, डेबिट कार्ड और बैंक डिटेल हासिल करते थे। इसके बाद मिनटों में खातों से लाखों रुपये उड़ा लिए जाते थे।
जांच में यह भी सामने आया है कि गिरोह ऑनलाइन गेमिंग एप का इस्तेमाल कर लोगों को मोटे मुनाफे का लालच देता था। शुरुआत में छोटे लाभ देकर विश्वास जीता जाता, फिर बड़ी रकम फंसाकर खातों से पैसा निकाल लिया जाता था। एटीएम से छेड़छाड़ कर कार्ड क्लोनिंग और डेटा चोरी जैसे तरीके भी अपनाए जाते थे।
पुलिस ने आरोपियों के ठिकानों पर छापेमारी कर भारी मात्रा में आपत्तिजनक सामान बरामद किया है। बरामदगी में 54 एटीएम कार्ड, 11 पासबुक, 30 मोबाइल फोन, 5 सिम कार्ड, 28 चेक बुक, 2 ब्लैंक चेक, एक पासपोर्ट और 5,900 रुपये नकद शामिल हैं। इसके अलावा ठगी में इस्तेमाल की जा रही दो कारें भी जब्त की गई हैं।
पटना पुलिस का कहना है कि इस गिरोह से जुड़े अन्य लिंक की भी जांच की जा रही है। अधिकारियों ने लोगों से अपील की है कि वे किसी भी अनजान कॉल, गेमिंग एप या बैंक से जुड़ी जानकारी साझा करने से पहले सतर्क रहें, क्योंकि थोड़ी सी लापरवाही भारी नुकसान में बदल सकती है।

