बिहार सरकार ने प्रशासनिक स्तर पर बड़ा फेरबदल करते हुए बिहार प्रशासनिक सेवा के 51 अधिकारियों का तबादला किया है। इस संबंध में सामान्य प्रशासन विभाग की ओर से अधिसूचना जारी कर दी गई है। तबादले के तहत राज्य के विभिन्न विभागों और जिलों में कार्यरत अधिकारियों को नई जिम्मेदारियां सौंपी गई हैं। इस सूची में अपर सचिव एवं समकक्ष स्तर, संयुक्त सचिव एवं समकक्ष स्तर, अपर समाहर्ता, उप सचिव तथा मूल कोटि के पदाधिकारी शामिल हैं।




सरकार के इस फैसले को प्रशासनिक कार्यों में तेजी लाने और व्यवस्था को और अधिक प्रभावी बनाने की दिशा में अहम कदम माना जा रहा है। तबादला सूची में कई ऐसे अधिकारी भी शामिल हैं, जो लंबे समय से पदस्थापन की प्रतीक्षा में थे। अब उन्हें नई तैनाती देकर जिम्मेदारी सौंपी गई है।
जारी आदेश के अनुसार स्वास्थ्य विभाग में बड़ा बदलाव किया गया है। मृणायक दास को स्वास्थ्य विभाग का अपर सचिव नियुक्त किया गया है। वे इससे पहले पदस्थापन की प्रतीक्षा में थे। उनके अनुभव को देखते हुए स्वास्थ्य विभाग में उन्हें महत्वपूर्ण जिम्मेदारी दी गई है।
इसी तरह तारानंद महतो वियोगी को कला एवं संस्कृति विभाग का अपर सचिव बनाया गया है। माना जा रहा है कि उनके आने से विभाग की गतिविधियों और योजनाओं को नई गति मिलेगी। कला एवं संस्कृति विभाग से जुड़े कार्यक्रमों के बेहतर संचालन की उम्मीद भी जताई जा रही है।
वहीं, कुमार विनोद को औरंगाबाद का बंदोबस्त पदाधिकारी नियुक्त किया गया है। यह पद जिले के प्रशासनिक ढांचे में अहम माना जाता है। भूमि और राजस्व से जुड़े मामलों में उनकी भूमिका महत्वपूर्ण होगी।
इनके अलावा भी कई अधिकारियों का तबादला किया गया है और उन्हें अलग-अलग विभागों व जिलों में पदस्थापित किया गया है। सरकार का कहना है कि यह तबादला पूरी तरह प्रशासनिक जरूरतों को ध्यान में रखते हुए किया गया है।
प्रशासनिक हलकों में इस तबादले को रूटीन प्रक्रिया का हिस्सा बताया जा रहा है, लेकिन इतने बड़े पैमाने पर हुए फेरबदल से कई विभागों में कामकाज की दिशा और रफ्तार बदलने की उम्मीद है। अब सभी की नजर इस बात पर है कि नए पदाधिकारी अपनी जिम्मेदारियों को किस तरह निभाते हैं और इसका असर जमीनी स्तर पर कितना दिखता है।
