पटना के कुख्यात शंभू गर्ल्स हॉस्टल कांड में पुलिस की जांच अब निर्णायक मोड़ पर पहुंचती दिख रही है। नीट की तैयारी कर रही छात्रा के साथ हुई दरिंदगी के मामले में गठित विशेष जांच टीम (SIT) अब अपराध की जड़ों तक पहुंचने के लिए हर संभावित कड़ी को खंगाल रही है। इसी कड़ी में एसआईटी ने बेऊर जेल में बंद हॉस्टल मालिक मनीष रंजन के पैतृक गांव पर बड़ी कार्रवाई की।
जहानाबाद जिले के मखदुमपुर थाना क्षेत्र स्थित खरका गांव में पुलिस टीम ने सुबह-सुबह धावा बोला और मनीष रंजन के घर के एक-एक कमरे की बारीकी से तलाशी ली। इस दौरान कई अहम दस्तावेज और संदिग्ध सामग्री जब्त की गई, जिन्हें जांच के लिए सुरक्षित रखा गया है। हालांकि पुलिस ने बरामद दस्तावेजों की आधिकारिक जानकारी साझा नहीं की है, लेकिन सूत्रों के मुताबिक ये कागजात मामले में नए खुलासे कर सकते हैं।
छापेमारी के दौरान एसआईटी ने मनीष रंजन के परिजनों से भी गहन पूछताछ की। पुलिस यह जानने की कोशिश कर रही है कि मनीष आखिरी बार कब गांव आया था, किन-किन लोगों से उसकी मुलाकात हुई और उसका सामाजिक दायरा किन-किन तक फैला हुआ था। जांच में यह चौंकाने वाला संयोग भी सामने आया कि 5 जनवरी को मनीष रंजन गांव से पटना लौटा था और उसी दिन पीड़िता भी ट्रेन से पटना पहुंची थी। इस तथ्य ने जांच एजेंसियों की शंका को और मजबूत कर दिया है।
स्थानीय पुलिस के अनुसार मखदुमपुर थाने में मनीष रंजन के खिलाफ पहले से भी एक मामला दर्ज है। बताया जा रहा है कि उसका संपर्क कई प्रभावशाली और तथाकथित सफेदपोश लोगों से था, जिनकी भूमिका अब जांच के दायरे में है। एसआईटी ने गांव के पड़ोसियों से भी पूछताछ कर मनीष की सामाजिक और आपराधिक पृष्ठभूमि की पड़ताल की।
जांच की आंच अब अस्पताल तक भी पहुंच गई है। एसआईटी ने राजेंद्रनगर स्थित प्रभात मेमोरियल अस्पताल के डॉक्टरों और कर्मचारियों से पूछताछ की है। पीड़िता के इलाज में लापरवाही और हॉस्टल प्रबंधन तथा अस्पताल के बीच कथित मिलीभगत को लेकर 6 जनवरी के सीसीटीवी फुटेज खंगाले गए हैं और कर्मचारियों के बयान दर्ज किए गए हैं।
इस संगीन अपराध की साजिश को बेनकाब करने के लिए अब तक 22 से अधिक लोगों के खून के नमूने डीएनए जांच के लिए लिए जा चुके हैं। पुलिस का मानना है कि यह मामला अब सिर्फ एक आरोपी तक सीमित नहीं, बल्कि एक संगठित अपराध का रूप ले चुका है। एसआईटी हर कड़ी को जोड़ने में जुटी है और आने वाले दिनों में इस मामले में बड़े खुलासों की उम्मीद जताई जा रही है।

